मस्तिष्क को जल्दी 2 मिनट तक ऑक्सीजन नहीं मिलती है मस्तिष्क अपना काम करना खत्म कर देता है और मनुष्य की मृत्यु हो जाती यह एक सामान्य कारण है ।
परंतु आप पूछ रहे हैं सही तरीके से ऑक्सीजन नहीं मिलना समझ में नहीं आया कि आप का सही तरीका कौन सा है ? जिससे मस्तिष्क को ऑक्सीजन कम मिलती है जबकि मेरे विचार से वास्तविकता यह है कि टोटल सांस में ली गई ऑक्सीजन का अधिकतम उपयोग मस्तिष्क ही करता है । मस्तिष्क को सबसे अधिक ऑक्सीजन की जरूरत होती है मस्तिष्क को सबसे अधिक ऑक्सीजन की आपूर्ति कारण कि मस्तिष्क के अंदर अरबों न्यूरॉन्स पाए जाते हैं और प्रत्येक न्यूरॉन्स में माइटोकॉन्ड्रिया की संख्या 50000 से 200000 तक हो सकती है माइटोकॉन्ड्रिया की संख्या मस्तिष्क की न्यूरॉन्स के कार्य करने की क्षमता उत्पन्न करती है यदि माइटोकॉन्ड्रिया कम संख्या में हैं तो मस्तिष्क धीरे-धीरे मंद गति से कार्य करेगा और यदि माइट्रोकांड्रिया पर्याप्त मात्रा में है तो मस्तिष्क सामान्य गति से काम करेगा और यदि माइटोकॉन्ड्रिया उचित और अधिकतम मात्रा में हैं तो ऐसे में मस्तिष्क तीव्र गति से काम करेगा जिसके आधार पर लोगों को जीनियस कहा जाता है।
आप रहा प्रश्न मस्तिष्क में सिर दर्द का तो इसके कारण अन्य हैं नंबर 1 थर्मोस्टेट वाद जब मनुष्य के शरीर का ताप सामान्य से गिर जाता है तो गिरे ताप की सूचना के लिए मस्तिष्क सक्रिय होकर सिर दर्द उत्पन्न करके जीवांता को संदेश देता है कि अब तुम्हारे जीवन को खतरा पैदा हो गया ।नंबर 2ग्लूकोज स्टेट - बाद जब मनुष्य के रक्त में ग्लूकोज की मात्रा सामान्य स्तर से कम हो जाती है या ग्लूकोज का स्तर गिर जाता है तो ऐसे में मनुष्य को ग्लूकोज के स्तर को मेंटेन करने के लिए भूख पैदा होने लगती है । भूख की तीव्रता के अनुसार मनुष्य के मस्तिष्क में दर्द होने लगता है ।।कभी-कभी मनुष्य अत्यधिक परिमाण में अति शीतल पदार्थ बर्फ आदि खाता है तो जिससे पेट में बर्फ के आ जाने पर या अति शीतल पदार्थ खाने पर मस्तिष्क में दर्द होने लगता है। यदि मनुष्य उच्च ताप का गरम खाना खाने लगता है जिससे आमाशय में दर्द हो या जलन होने लगता है तो इसमें पर भी मनुष्य में मस्तिष्क में दर्द होने लगता है । यह तो एक वह सामान्य कारण थे जो मनुष्य को यह सूचना देने के लिए थे कि जीवन में गड़बड़ है । परंतु कभी-कभी जब मस्तिष्क में संक्रमण होता है विशेष रूप से वायरल इंफेक्शन के समय वायरल इंफेक्शन की शुरुआत सबसे पहले मस्तिष्क से होती है मस्तिष्क में दर्द रहने लगता है ऐसा नहीं है कि केवल वायरल इन्फेक्शन से मस्तिष्क में दर्द रहता हो , मस्तिष्क में कभी-कभी अनेक प्रोटोजोआ या कृमि हेल्मिंथ भी चले जाते हैं । तो मस्तिष्क में कृमि या अन्य रोग जनक सूक्ष्म जीवों के आने पर दर्द रहने लगता है ।मस्तिष्क में यदि ट्यूमर बन जाता है तब भी निरंतर किसी क्षेत्र विशेष पर मस्तिष्क में दर्द रहने लगता है । मानसिक कारणों से जब गलत चिंतन पद्धति हो जाती है ,निरंतर चिंतन प्रक्रिया चलने लगती है मस्तिष्क विश्राम /आराम नहीं कर पाता है तो भी अति चिंता आतुर बने रहने से सिर में दर्द रहने लगता है जिसे मानसिक पीड़ा कहते हैं ।
समझ में नहीं आता इतने सारे विकल्प सिरदर्द के हैं अभी विकल्प और भी बाकी हैं जो मैंने नहीं लिखे हैं उन्हें किसी चिकित्सक से पूछ लेना वह तुम्हें अच्छी तरह से समझा देगा कि मस्तिष्क में सिर दर्द के कितने कारण है क्योंकि उसकी व्याख्या करने के लिए चिकित्सक ही ऑथराइज्ड व्यक्ति है हम शिक्षक लोग इसकी अधिक व्याख्या नहीं कर सकते । सिर दर्द के बारे में यदि और अधिक जानकारी चाहिए तो प्रसिद्ध वैद्य ग्रंथ भाव प्रकाश या चरक संहिता मैं इनका अधिक विस्तृत विवरण देखें
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